बागी बलिया के हरिवंश नारायण चुने गये राज्य सभा के उपसभापति
(विवेक शावर्णया)
दिल्ली। बागी बलिया के खाते में एक और राजनैतिक उपलब्धि वृहस्पतिवार को जुड़ी है। जनपद के निवासी हरिवंश नारायण को राज्य सभा का उपसभापति चुने गये हैंं। वे एनडीए की तरफ से राज्यसभा के उपसभापति बन गए हैं। उन्होंने कांग्रेस उम्मीदवार बीके हरिप्रसाद को 125 के मुकाबले 105 वोटों से हरा दिया है। सदन की कार्यवाही शुरु होने पर सभापति एम वैंकेया नायडू ने सदन पटल पर आवश्यक दस्तावेज रखवाने के बाद उपसभापति पद की चुनाव प्रक्रिया शुरु करवायी। हरिवंश के पक्ष में 125 और हरिप्रसाद के पक्ष में 105 मत पड़े। मतदान में दो सदस्यों ने हिस्सा नहीं लिया। सदन में कुल 232 सदस्य मौजूद थे।
जानिए वरिष्ठ पत्रकार रहे हरिवंश का जीवन परिचय…
हरिवंज नारायण सिंह का जन्म 30 जून 1956 को बलिया जनपद के दलजीत टोला सिताबदियारा में हुआ। इन्होंने अपनी प्राथमिक और उच्च प्राथमिक शिक्षा गांव के सटे टोला काशी राय स्थित स्कूल से शुरू की। उसके बाद, जेपी इंटर कालेज सेवाश्रम (जयप्रकाशनगर) से 1971 में हाईस्कूल पास करने के बाद वे वाराणसी पहुंचे। वहां यूपी कॉलेज से इंटरमीडिएट और उसके बाद काशी हिंदू विश्वविद्यालय से स्नातक किया और पत्रकारिता में डिप्लोमा की डिग्री हासिल की।
अप्रैल 2014 में उन्हें राज्यसभा के लिए बिहार से चुना गया। उनका कार्यकाल अप्रैल 2020 में पूरा होगा। हरिवंश को जयप्रकाश नारायण (जेपी) ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया। बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में डिप्लोमा के दौरान ही वर्ष 1977-78 में टाइम्स ऑफ इंडिया समूह मुंबई में प्रशिक्षु पत्रकार के रूप में उनका चयन हुआ।
इसके बाद वे टाइम्स समूह की साप्ताहिक पत्रिका धर्मयुग में 1981 तक उप संपादक रहे। 1981-84 तक हैदराबाद एवं पटना में बैंक ऑफ इंडिया में नौकरी की और वर्ष 1984 में इन्होंने पत्रकारिता में वापसी की और 1989 अक्तूबर तक आनंद बाजार पत्रिका समूह से प्रकाशित रविवार साप्ताहिक पत्रिका में सहायक संपादक रहे।
हरिवंश को शिक्षा देने वाले क्षेत्र के सेवानिवृत्त शिक्षक रामकुमार सिंह बताते है कि पढ़ाई के दौरान ही हरिवंश बातें कम करता था लेकिन किसी भी प्रश्न पर तर्क वितर्क अवश्य करता था। जिससे यह विश्वास था कि हरिवंश अवश्य हमारे क्षेत्र सहित देश का नाम करेगा। सुनकर हमें आज गर्व हो रहा है कि वह यहीं के सरकारी स्कूल का छात्र है। इससे आज के युवकों को प्रेरणा लेनी चाहिए।
हाईस्कूल में गणित पढ़ाने वाले सेवानिवृत्त शिक्षक सुरेश कुमार गिरि बड़े गर्व से कहते हैं कि हरिवंश को गणित की शिक्षा हमने दी थी। उस समय भी हरिवंश कक्षा में आगे बैठकर गम्भीरता से मात्र पढाई करने में जुटा रहता था और उस समय भी विद्यालय में सबसे होनहार छात्र के रूप रहा। आज इतने बड़े पद पर होते हुए भी गांव पहुंचते ही अपने गुरुजनों को कभी नहीं भूलता।
वे मेरे पिताजी पंडित पशुपतिनाथ पाण्डेय के परम मित्र और मेरे पुस्तकालय के आजीवन सदस्य भी है। हम उनको इस गरिमामयी पद को प्राप्त करने पर गौरवान्वित और हर्षातिरेक से ओत- प्रोत हैं। यह बागी बलिया का सम्मान नहीं अपितु पूरे पूर्वांचल व यूपी व पत्रकार व लेखक समाज का सम्मान है।
प्रधानमंत्री मोदी ने हरिवंश को बधाई दी…
राजग उम्मीदवार और जदयू नेता हरिवंश नारायण सिंह को राज्यसभा के उपसभापति चुने जाने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बधाई देते हुए कहा कि इन्हें लिखने की क्षमता का आशीर्वाद मिला हुआ है। वे पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर के भी पसंदीदा रहे हैं। अब हम सभी हरि भरोसे हैं।


