खास-मेहमान

53वीं मंडल स्तरीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी का सफल आयोजन, मऊ के बाल वैज्ञानिकों का शानदार प्रदर्शन

आजमगढ़। शनिवार को आजमगढ़ स्थित पुरातन क्रिश्चियन वेस्ली इंटर कॉलेज के भव्य प्रांगण में राज्य विज्ञान शिक्षा संस्थान, उत्तर प्रदेश के तत्वावधान में 53वीं मंडल स्तरीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया। इस प्रदर्शनी में आजमगढ़ मंडल के मऊ, आजमगढ़ एवं बलिया जनपदों के विभिन्न विद्यालयों के बाल वैज्ञानिकों ने अपने क्रियाशील एवं अक्रियाशील वैज्ञानिक मॉडल प्रस्तुत किए।

प्रदर्शनी का शुभारंभ विद्यालय के प्रधानाचार्य अजीत पोर्टर ने किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार एवं अनुसंधान की भावना को प्रोत्साहित करते हैं।

प्रदर्शनी के निर्णायक मंडल में भौतिक विज्ञान के वरिष्ठ प्रवक्ता श्री राहुल सिंह, गणित अध्यापक तेज बहादुर सिंह तथा रेडियो एवं संचार प्रवक्ता मोहम्मद जमालुद्दीन शामिल रहे। निर्णायकों द्वारा मॉडलों का मूल्यांकन वैज्ञानिक दृष्टिकोण, नवाचार, सामाजिक उपयोगिता एवं प्रस्तुतीकरण के आधार पर किया गया।

इस वर्ष प्रतियोगिता का मुख्य विषय “विकसित एवं आत्मनिर्भर भारत (Developed and Self-Reliant India)” रहा, जिसके अंतर्गत STEM (विज्ञान, प्रौद्योगिकी, इंजीनियरिंग एवं गणित) आधारित सात उपविषयों पर प्रतिभागियों ने अपने मॉडल प्रस्तुत किए।

मऊ जनपद के लिए यह प्रदर्शनी ऐतिहासिक रही, जहां कुल 15 प्रतिभागियों ने विभिन्न वर्गों में चयनित होकर वाराणसी स्थित पीएमश्री राजकीय क्वींस इंटर कॉलेज में 16 से 19 दिसंबर तक आयोजित होने वाली राज्य स्तरीय बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी में स्थान सुनिश्चित किया।

जूनियर संवर्ग में सोनीधापा खंडेलवाल बालिका इंटर कॉलेज की छात्राओं ने शानदार प्रदर्शन किया—

  • हरित ऊर्जा: रंजना खरवार
  • कचरा प्रबंधन: जाह्नवी मद्धेशिया
  • मनोरंजक गणितीय मॉडलिंग: रूबी मद्धेशिया
  • चिरस्थाई खेती: सौम्या रावत
  • स्वास्थ्य एवं स्वच्छता: निशु मद्धेशिया
  • जल संरक्षण एवं प्रबंधन: हर्षिता श्रीवास्तव

सीनियर संवर्ग में—

  • कचरा प्रबंधन: फलक खातून
  • स्वास्थ्य एवं स्वच्छता: खुशी मद्धेशिया
  • हरित ऊर्जा: रजनी त्रिपाठी

अध्यापक संवर्ग में—

  • कचरा प्रबंधन एवं प्लास्टिक के विकल्प विषय पर ऋचा त्रिपाठी का चयन हुआ।

कार्यक्रम का संचालन एवं संयोजन संयुक्त शिक्षा निदेशक कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक विधि चंद्र यादव द्वारा किया गया।

यह उपलब्धि नन्हे बाल वैज्ञानिकों की कड़ी मेहनत, मार्गदर्शन एवं नवाचार का परिणाम है। उल्लेखनीय है कि आजमगढ़ मंडल से चयनित 15 प्रतिभागियों में से 10 प्रतिभागी सोनीधापा खंडेलवाल बालिका इंटर कॉलेज से हैं। यह माध्यमिक शिक्षा के क्षेत्र के लिए अत्यंत गर्व का विषय है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *