निजी संसाधनों के प्रयोग से बेसिक शिक्षा परिषद के सैकड़ों अध्यापक कानवेंट स्कूलों को दे रहे हैं टक्कर
●बस्ती, मैनपुरी, गोंडा, झांसी, ललितपुर व मथुरा के शिक्षकों ने दी अपनी अपनी प्रस्तुति…
● अच्छी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए डा. संजय सिंह भी किए गए सम्मानित…
● सतीश कुमार सिंह ने अपने स्कूल को स्मार्ट स्कूल बनाने का प्रस्तुतिकरण किया
मऊ। आईसीटी का प्रयोग बेसिक शिक्षा परिषद में मील का पत्थर साबित होगा । उक्त बातें कम्युनिटी हॉल में आयोजित बेसिक शिक्षा महोत्सव के समापन कार्यक्रम पर बोलते हुए शिक्षा निदेशक बेसिक सर्वेंद्र विक्रम बहादुर सिंह ने कही। उन्होंने कहा कि बेसिक शिक्षा परिषद के सैकड़ों अध्यापक अपने निजी संसाधनों के प्रयोग से कानवेंट स्कूलों को टक्कर देने में सक्षम हो रहे हैं जो आने वाले समय में अग्रणी भूमिका में होंगे। निदेशक ने प्रदेश के समस्त शिक्षकों का आवाहन किया कि पिछले वर्ष की तुलना में अपने विद्यालय में कम से कम 5 नामांकन बढ़ाएं तभी हम बेसिक शिक्षा के परिदृश्य को बदल पाने में सक्षम होंगे। अध्यक्षीय भाषण में बोलते हुए नगर पालिका परिषद मऊ के चेयरमैन मोहम्मद तैयब पालकी ने कहा कि परिषदीय विद्यालयों के बच्चे व शिक्षक अपने विद्यालयों में तकनीक का प्रयोग शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने में कर रहे हैं तथा इस तरह का उच्च कोटि का तकनीक आधारित कार्यक्रम का आयोजन कर रहे हैं ऐसे आयोजनों के लिए बेसिक शिक्षा के अध्यापकों को मेरा हमेशा पूर्ण सहयोग रहेगा।
संयुक्त शिक्षा निदेशक अजय सिंह, एडी बेसिक आजमगढ़ वाईके सिंह, बीएसए गोरखपुर पीएन सिंह, विषय विशेषज्ञ मणिराम सिंह तथा डॉक्टर संजय सिंह आदि ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्राथमिक विद्यालय रहजनियां द्वारा आईसीटी आधारित स्वागत गीत, प्राथमिक विद्यालय कइयां द्वारा संगीतमय पीटी एवं योगा का प्रदर्शन तथा जनपद के समस्त विकासखंडों द्वारा टी एल एम एवं विज्ञान का प्रदर्शन किया गया। प्राथमिक विद्यालय रकौली के सदफ कौशर द्वारा एवं बुलंदशहर के फिरोज खान द्वारा शिक्षा निदेशक के समक्ष आईसीटी का प्रदर्शन किया गया। आईसीटी के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रदेश के लगभग 100 शिक्षकों एवं जनपद मऊ के शिक्षकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
जिसमें मुख्य रुप से सतीश सिंह, अलका निगम, कोमल त्यागी, तूलिका पुंडीर, रवि कुमार, अंजनी सिंह, अरविंद पांडेय, राजेंद्र राव, सुनील सिंह, अरविंद सिंह, राजाराम, धनंजय सिंह, अनीता,अमृता,प्रेमलता, धन शीला, अंजलि, तपस्या, सुनील, प्रवीण, राजेश, सुनील, अनिल, हरेंद्र, तपेश्वर, श्रीनिवास, विजय कुमार, राणा बलवंत, अनिल मौर्या, हरेंद्र मौर्या, अरूण मौर्या, अरूण सिंह, राजेश वर्मा, नित्यप्रकाश यादव, चंद्रधर शर्मा आदि को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर मुख्य रुप से जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी त्रिपाठी, चंद्रधर पांडेय, राजेश चतुर्वेदी, आरपी राम, रमेश सिंह, अशोक कुमार गौतम, अखिलेश सिंह, गजेन्द्र सिंह, अजीत तिवारी, मनोज सिंह, शाहीन परवीन, गोपाल आदि उपस्थित रहे।
अच्छी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए डा. संजय सिंह भी किए गए सम्मानित…
उत्तर प्रदेश में मऊ जिले के चिकित्सा क्षेत्र में अपनी एक अलग पहचान बना चुके व मऊ में एक अच्छी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शारदा नारायण हॉस्पिटल के डायरेक्टर एवं चेयरमैन डॉक्टर संजय सिंह को बेसिक शिक्षा विभाग मऊ द्वारा आयोजित बेसिक शिक्षा महोत्सव 2018 के कार्यक्रम में मोमेंटो व साल देकर सम्मानित किया गया।
सतीश कुमार सिंह ने अपने स्कूल को स्मार्ट स्कूल बनाने का प्रस्तुतिकरण किया…
प्राथमिक विद्यालय रकौली के प्रधानाध्यापक सतीश कुमार सिंह ने अपने स्कूल को स्मार्ट स्कूल बनाने का प्रस्तुतिकरण किया। उन्होंने कहा कि सर्व शिक्षा अभियान के जेडी अजय कुमार सिंह और उनके शैक्षिक प्रयोग पीयर कोचिंग के कारण आज बेसिक शिक्षा में व्यापक बदलाव हो रहा है। कार्यक्रम में मऊ जनपद के विभिन्न स्कूलों के नन्हे मुन्ने बच्चोंं द्वारा कई मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। इस दौरान सजेंद्र सिंह, अरविंद सिंह, सावित्री प्रदीप, ज्ञान चंद कनौजिया, हरिहर यादव, धर्मराज चौहान, राणा बलवंत, नित्य प्रकाश , राजेश प्रकाश आदि उपस्थित रहें। प्राथमिक विद्यालय कइयाँ के प्रधानाध्यापक अंजनी कुमार सिंह ने अपनी प्रस्तुती दी।
बस्ती, मैनपुरी, गोंडा, झांसी, ललितपुर व मथुरा के शिक्षकों ने दी अपनी अपनी प्रस्तुति…
कार्यक्रम के दूसरे सत्र में विभिन्न जनपद से आए आईसीटी शिक्षको द्वारा आईसीटी के क्षेत्र में किए जा रहे अपने कार्यो का प्रस्तुतिकरण किया। पहला प्रस्तुतिकरण बस्ती जनपद के आदर्श प्राथमिक विद्यालय मूड घाट के प्रधानाध्यापक डॉ सर्वेष्ट मिश्र ने अपने स्कूल में स्थापित स्मार्ट क्लास और आईसीटी के विविध क्षेत्रो मे किए गए कार्यो को प्रस्तुत किया।
मैनपुरी के शिक्षक इसरत अली ने अपने स्कूल में आईसीटी गतिविधियों का प्रस्तुतिकरण किया। गोंडा के धौरहरा प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक रवि प्रताप सिंह ने बताया कि किस तरह उन्होंने अपने स्कूल को शत प्रतिशत आईसीटी गतिविधियों का केंद्र बनाया है। झांसी के विज्ञान शिक्षक डॉ खुर्शीद हसन ने विज्ञान में आईसीटी प्रयोग, ललितपुर के शिक्षक कृष्ण मुरारी उपाध्याय ने लीप विषय पर अपना प्रस्तुतिकरण दिया। मथुरा की डॉ अनिता मुदगल ने कम शिक्षक होने पर आईसीटी के फायदे बताये। संचालन अंजनी कुमार सिंह , अरविंद पाण्डेय व सुनील सिंह ने किया।

