लक्ष्य से कम टीकाकरण होने पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने विद्यालय प्रबंधकों के साथ की बैठक
◆ टीकाकरण में तेजी लाने का स्वास्थ विभाग को दिया निर्देश
मुहम्मदाबाद गोहना /मऊ। तहसील के अल्पसंख्यक बाहुल्य क्षेत्र खैराबाद में स्थित मोम्बाउलूम मदरसे में मीजल्स तथा रेबुला के टीके को लगाए जाने को लेकर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/ उपजिलाधिकारी अतुल वत्स ने एक बैठक की, तथा लोगों को इससे होने वाले फायदे के बारे में बताया। तत्पश्चात उन्होंने इकरा पब्लिक स्कूल एवम मोम्बा-उलूम मदरसा में चल रहे मीजल्स व रेबुला टीकाकरण कार्यक्रम का टीम बनाकर निरीक्षण किया। संयुक्त टीम में तहसीलदार मुहम्मदाबाद गोहना, प्रभारी चिकित्साधिकारी मुहम्मदाबाद गोहना, अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत मुहम्मदाबाद व आपूर्ति निरीक्षक मौजूद रहे।
मम्बा-उल उलूम मदरसा में कुल 610 बच्चे ऐसे थे जिनका टीकाकरण होना था उसमें से 180 बच्चो का टीकाकरण ही किय गया था।
निरीक्षण के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया कि बच्चों की छुट्टी सुबह 11 बजे ही हो जाती है, जिससे उनको टीका लगाने में समस्या आ रही है। जॉइन्ट मजिस्ट्रेट ने प्रभारी चिकित्साधिकारी को निर्देश दिया कि इन मदरसों में टीकाकरण सुबह 9 बजे से शुरू कर दिया जाय।
टीका लगाने के बाद सीरिंज की नीडील,नीडल कटर से नहीं काटी जा रही थी तथा वैक्सीन की शीशी पर शीशी खोले जाने का समय ठीक प्रकार से अंकित नहीं किया गया था, जो की लापरवाही का प्रतीक है। सीरिंज की नीडल काटने व समय स्केच पेन से अंकित करने का निर्देश दिया।
मदरसे के प्रबंधक व अन्य संभ्रान्त व्यक्तियों से आग्रह किया गया कि टीकाकरण में हर संभव प्रयास करें तथा प्रभारी चिकित्साधिकारी को प्रबंधकों व संभ्रांत व्यक्तियों की बैठक बुलाने के लिए निर्देशित किया।
इकरा पब्लिक स्कूल में निरीक्षण के समय यह बताया गया कि 221 बच्चो का टीकाकरण हो चुका है जबकि लक्ष्य 500 बच्चो का था।
जिन बच्चों को टीका लग चुका है, उनके नाम के आगे उपस्थिति पंजिका में कोई निशान नहीं लगाया गया न ही निरीक्षण के समय बच्चों को दिया जाने वाला कार्ड मौजूद था। ऐसी स्थिति में कुल कितने बच्चों का टीकाकरण हुआ यह पता लगा पाना असम्भव हो जाता है जो कि टीकाकरण टीम की लापरवाही को दर्शाता है।
उन्होंने विद्यालय के प्रबंधक व शिक्षकों को टीकाकरण टीम का सहयोग करने का निर्देश दिया।
उक्त से यह स्पष्ट है कि स्वास्थ्य टीम व विद्यालय प्रबंधन के बीच समन्वय की कमी है जिससे बच्चों के टीकाकरण मे समस्या उतपन्न हो रही है। उन्होंने प्रभारी चिकित्साधिकारी को निर्देशित किया कि विद्यालयों से समन्वय स्थापित करते हुए टीकाकरण के कार्यक्रम मे तेजी लायें तथा टीकाकरण का माइक्रो प्लान तहसील पर उपलब्ध करायें,ताकि तहसील स्तरीय कर्मचारीयों को मौके पर सहयोग के लिये भेजा जा सके। निरीक्षण के समय स्वास्थ्य विभाग की टीम ,आशा एवं एनम उपस्थित थी।

