मांं के दरबार में उमड़ा भक्तों का जन सैलाब
(पवन कुमार पाण्डेय)
मधुबन । चैत्र नवरात्र के प्रथम दिन माता के प्रथम रूप शैलपुत्री के पूजा अर्चना के लिए माता मंदिरों में भक्तों का जनसैलाब उमड़ा रहा हालांकि कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बाद मंदिर प्रबंधन द्वारा कोरोना से बचाव के उपाय किए गए थे। क्षेत्र के सैकड़ों सालों से आस्था व विश्वास का प्रतीक बस्ती वर्सी निधियाव में स्थित माता अष्टभुजी लक्ष्मी मंदिर पर हजारों भक्तों ने मत्था टेक मन्नते मांगी यह मंदिर अपनें मान्यताओं को समेटे भक्तों में आस्था और विश्वास का प्रतीक बना हुआ है। मान्यता है कि मंदिर परिसर में स्थित अष्भूजी माता एवं माता लक्ष्मी के साथ ही शिव जी का दर्शन करने वाले के पास कभी धन की कमी नहीं रहती है । वही कटघरा शंकर स्थित रौजा पर आत्म दर्शनीय माता दुर्गा मंदिर पर भक्त सुबह से ही नारियल एवं प्रसाद लेकर पूजा अर्चना करने के लिए लाइनों में लगे रहें । मंदिर के पुजारी भोला का कहना है कि कोरोना त्रासदी को देखते हुए मंदिर प्रबंधन द्वारा सैनिटाइजर के प्रयोग एवं माक्स के साथ ही कोरोना गाइडलाइन का अनुपालन कराया जा रहा है। यह मंदिर नव दंपत्ति के लिए वरदान है मान्यता है कि शादी विवाह के बाद नव दंपत्ति इस मंदिर पर मत्था टेकता है तो उसका जीवन खुशियों से भरा रहता है।

