जय हिंद नेशनल पार्टी शिक्षिकों के समर्थन में, मृत्यु के शिकार कर्मियों के परिजनों को न्याय दिलाकर रहेंगे : डॉ.आशीष श्रीवास्तव”
जयहिंद नेशनल पार्टी (जेएनपी इंडिया) , उत्तर प्रदेश में सम्पन्न हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान करोना संक्रमण एवं अन्य कारणों से दिवंगत हुए शिक्षकों/ शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के बी.एड़./बीटीसी धारी आश्रितों को शिक्षक के पद पर व स्नातक डिग्री धारी आश्रितों को लिपिक पद पर अनुकंपा नियुक्ति देने एवं अन्य मांगों के सन्दर्भ में सरकार को पत्र लिखा है साथ ही पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष, डॉ.आशीष श्रीवास्तव ने यह बात अपने कार्यालय में प्रेस वार्ता में रखी। श्री श्रीवास्तव ने कहा कि राष्ट्रीय आपदा कोरोना महामारी काल मे प्रादेशिक कर्फ्यू व भारी प्रशासनिक अव्यवस्था के बीच अपनी जान जोखिम में डालकर अपने मूल कार्यों से इतर, उत्तर प्रदेश के पंचायत चुनाव 2021 में अपनी सजग व कर्मठ भूमिका का निर्वहन करने वाले सभी साथियों का जयहिंद नेशनल पार्टी (जेएनपी इंडिया) हार्दिक वंदन व अभिनंदन करता है। अपने कर्तव्य पथ पर संक्रमित होकर शहीद होने वाले सभी शिक्षकों व कर्मचारियों को जयहिंद नेशनल पार्टी-उत्तर प्रदेश नमन् करते हुए अश्रुपूरित भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करता है।
जैसा कि आप सभी जानते हैं कि डॉ.राजीव मिश्रा के नेतृत्व में जयहिंद नेशनल पार्टी-उत्तर प्रदेश शिक्षक हित में काम करने के साथ-साथ अन्य सभी जनमानस के परिवार व समाज के हित में भी काम कर रही है। पूरे प्रदेश में चार लाख से अधिक शिक्षक एवं गैर शिक्षक सरकारी कर्मचारी मतदान कर्मी के रूप में लगाए गए थे, जिसमें से लगभग 30% मतदान कर्मी करोना से संक्रमित हुए, जिसमे 1600 से भी अधिक कर्मचारी जहाँ असमय मृत्यु के शिकार हो गए हैं वहीं हजारों की संख्या में करोना संक्रमण से जुझ रहे हैं। उपरोक्त त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान हुए करोना संक्रमण से असमय कर्मचारियों के आश्रित आज भीषण मानसिक एवं आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं जिसकी बजह से इनके आश्रितों की स्थिति बेहद दयनीय हो गई है। पार्टी मृतक आश्रित नियमावली 1974 के अंतर्गत सेवायोजित किये जाने की मांग करती है। दिवंगत हुए शिक्षकों/ शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के बी.एड़./बीटीसी धारी आश्रितों को शिक्षक के पद पर व स्नातक डिग्री धारी आश्रितों को लिपिक पद पर अनुकंपा नियुक्ति होनी चाहिए। अन्य राज्य सरकारी कर्मचारियों के आश्रितों को भी सुयोग्य पदों पर नियुक्त किया जाना चाहिये।

हमें ध्यान है कि उत्तर प्रदेश के पंचायत चुनाव में सरकार व उनके अधिकारियों के भारी लापरवाही के कारण हमारे सैकड़ों साथियों ने अपनी कुर्बानियां दी हैं, उनके परिवार बिखर गये हैं। उनके बच्चे अनाथ हुए हैं। जिसकी भरपाई कोई नहीं कर सकता। हमारे साथियों की कुर्बानी को शासन और प्रशासन द्वारा पूरे दमखम से झुठलाने का प्रयास किया जा रहा है। हमारे शहीद साथियों को मिलने वाली अनुकंपा राशि व सहायता त्वरित जरूरतमंद परिवारों को देनी चाहिए। हमें अपने शहीद साथियों के परिवारीजनों को अधिक से अधिक सुविधाएं दिलाने हेतु सम्पूर्ण प्रयास करना है। हमें यह भी ध्यान रखना चाहिए कि अगला शहीद हम में से भी कोई हो सकता है।
हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि कोरोना काल में ही होने वाला अगला विधानसभा चुनाव (फरवरी-मार्च 2022) हमारे सामने काल की भाँति खड़ा है।
शासन-प्रशासन द्वारा लगातार झूठ बोल कर छला जा रहा है और सुविधाएं देते समय शिक्षकों के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। सरकार और शासन काम लेने पर बहुत तत्पर है पर सुविधाओं के नाम पर कुछ नहीं देता। इन्हें राजकीय इंटर कॉलेज के शिक्षकों की भांति राजकीय शिक्षक का दर्जा मिलना चाहिए।उपरोक्त सम्बंध में सम्बंधित अधिकारियों को शासनादेश जारी करें एवं उसके अनुपालन का स्पष्ट, त्वरित आदेश व विस्तृत निर्देश जारी करने की कृपा करें।

