आयुष क्लीनिक पर छार सूत्र विधि द्वारा आपरेशन एवं पंचकर्म विधि द्वारा किया गया नि:शुल्क उपचार एवं स्वास्थ्य परीक्षण
मऊ। नगर क्षेत्र के भीटी स्थित आयुष क्लीनिक पर जनपद में पहली बार छार सूत्र विधि द्वारा ऑपरेशन एवं पंचकर्म विधि द्वारा इलाज को लेकर एक नि:शुल्क चिकित्सा एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस आयोजन में डेढ़ सौ लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इसमें 100 मरीज गठिया के, 25 मरीज शुगर के, 15 मरीज साइटिका के एवं 10 मरीज ब्लड प्रेशर के शामिल रहे। इन सभी मरीजों का नि:शुल्क परीक्षण करते दवा वितरित किया गया। इस दौरान कंधे का दर्द, कोहनी का दर्द, कूल्हे का जाम होना, एड़ी में दर्द, फ्रोजन शोल्डर, गठिया में दर्द की भी जांच किया गया। शिविर की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि इसमे आयुर्वेद पद्धति से पंचकर्मा के द्वारा जोड़ों के दर्द की सिकाई और आयुर्वेदिक दवाओं से इलाज के बारे में बताया गया। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. एनपी सिंह ने कहा कि हम अपने स्वस्थ जीवन की परंपरागत दिनचर्या को ही भूल गए, जिसके कारण हम अनेक बीमारियों का सामना कर रहे हैं। जिसमें मुख्य रुप से घुटने का दर्द ,गठिया की शिकायत ,कंधे में दर्द, कूल्हे का जाम होना, शुगर, ब्लड प्रेशर, नींद ना आना, लिवर संबंधी विकार, पेशाब में जलन इत्यादि अनेक बीमारियों से हम जूझ रहे हैं। आयुष क्लीनिक के डॉ. एसके सक्सेना ने कहा कि इस स्वास्थ्य शिविर का उद्देश्य गरीब, असहाय और बेबस मरीज जो अपना इलाज पैसे के अभाव में नहीं करा पाते उनके लिए आयुष क्लिनिक के दरवाजे हमेशा खुले रहेंगे उन्हें बहुत ही कम और सस्ते मूल्य पर उनका इलाज किया जाएगा। आयुष क्लीनिक के डॉ. एके बरगाह ने कहा कि असाध्य रोगों का संपूर्ण इलाज आयुर्वेद में ही संभव है। आयुर्वेद जटिल से जटिल बीमारियों को जड़ से खत्म करता है। साथ ही साथ शरीर पर इसका कोई दुष्प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने कहा कि पंचकर्म और छार सूत्र विधि द्वारा ऑपरेशन आयुर्वेद में ही संभव है। शिविर में भारी संख्या में मरीज उपस्थित रहे। इस अवसर पर मुख्य रूप से डॉ. एनपी सिंह, डॉ. एसके सक्सेना, डॉ. एके वर्गाह, विनोद, रागिनी सिंह, भानमती, सोनू कुमार, जसवंत सिंह, बलवंत, एसके पाण्डेय आदि उपस्थित रहे।


