मऊ में स्थित, साई कालेज आफॅ फार्मेसी सिकटीया में सिखों के 10 वें गुरू गोबिंद सिहं के जयंती पर सादर नमन किया गया । इसमे साई कालेज के प्रबन्धक अखिलेश राय ने बताया कि गुरु गोबिंद सिंह जी को एक महान स्वतंत्रता सेनानी और कवि भी माना जाता है। इनके त्याग और वीरता की आजतक मिसाल दी जाती है. हिन्दी कैलेंडर के अनुसार, पौष मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को गोबिंद सिंह जी का जन्म पटना साहिब में हुआ. धर्म की रक्षा के लिए अपने पूरे परिवार का बलिदान कर देने वाले गुरु गोबिंद सिंह जी ने खालसा पंथ की स्थापना की थी. सिख समुदाय के लोग इसे गुरु गोबिंद सिंह के प्रकाश पर्व के रुप में मनाते हैं। आज के दिन सिख समुदाय के लोग एक दूसरे को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हैं। इस दिन गुरुद्वारों को सजाया जाता है। अरदास, भजन, कीर्तन के साथ लोग माथा टेकते हैं। वही प्रधानाचार्य अजय कुमार ने कहा कि गुरु गोबिंद सिंह जी के लिए यह शब्द इस्तेमाल किए जाते हैं, सवा लाख से एक लड़ांऊ? उनके अनुसार शक्ति और वीरता के संदर्भ में उनका एक सिख सवा लाख लोगों के बराबर है। इस दौरान प्रधानाचार्य अजय कुमार, अशजद कमाल व अध्यापकगण अखिलेश सिंह, सतेन्द्र यादव ,विशाल राय , अविनास पाण्डेय, चन्द्रशेखर चौहान, साधना, फातिमा, किरन व विवेक पाण्डेय, प्रीति आनन्द, अमृता सिंह भी उपस्थित थे ।