मऊ के लाल रवि सिंह को मिला IPL कॉन्ट्रैक्ट, राजस्थान रॉयल्स ने 95 लाख में खरीदा
@ आनन्द कुमार…
क्रिकेट की दुनिया में एक बार फिर मऊ जनपद का नाम रोशन हुआ है। मऊ नगर के इमिलियाडीह निवासी युवा क्रिकेटर रवि सिंह ने अपने अथक परिश्रम, जुनून और प्रतिभा के दम पर क्रिकेट करियर में बड़ी सफलता हासिल की है। IPL 2026 की नीलामी में राजस्थान रॉयल्स (RR) ने रवि सिंह को 95 लाख रुपये में खरीदकर अपनी टीम में शामिल किया है।
रवि सिंह के इस चयन से परिवार, गांव और पूरे मऊ जनपद में खुशी की लहर है। हर कोई इस उपलब्धि को मऊ के लिए गर्व का क्षण बता रहा है।
साधारण परिवार से असाधारण मुकाम तक
मऊ के इमिलियाडीह निवासी पृथ्वी राज सिंह उर्फ मुन्ना सिंह, जो वर्तमान में वाराणसी में विजिलेंस विभाग में सब-इंस्पेक्टर के पद पर तैनात हैं, रवि सिंह के पिता हैं। बचपन से ही क्रिकेट के प्रति रवि का गहरा लगाव रहा। शुरुआत में परिवार को यह शौक सामान्य लगा, लेकिन जब रवि का जुनून और लगन दिखाई दी तो पूरे परिवार ने उसके सपनों को साकार करने में जमकर सहयोग दिया।
घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन
24 वर्षीय रवि सिंह बाएं हाथ के बल्लेबाज़ हैं और घरेलू टी20 क्रिकेट में अपने दमदार प्रदर्शन से चयनकर्ताओं का ध्यान खींच चुके हैं। उन्होंने अब तक 10 टी20 मुकाबलों में 295 रन बनाए हैं, जहां उनका औसत 42 से अधिक और स्ट्राइक रेट लगभग 175 रहा है।
उनके नाम दो अर्धशतक दर्ज हैं।
हाल ही में सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में विदर्भ के खिलाफ नाबाद 68 रन की पारी ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर खास पहचान दिलाई।
बहुमुखी प्रतिभा ने दिलाई जगह
रवि सिंह मुख्य रूप से विकेटकीपर-बल्लेबाज़ हैं और ज़रूरत पड़ने पर लेग-स्पिन गेंदबाज़ी भी कर सकते हैं। उनकी यही बहुमुखी प्रतिभा राजस्थान रॉयल्स के टीम प्रबंधन को बेहद पसंद आई और उन्हें टीम में शामिल करने का फैसला लिया गया।
RCB से कड़ी टक्कर के बाद RR ने मारी बाज़ी
नीलामी के दौरान रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और राजस्थान रॉयल्स के बीच रवि सिंह को लेकर कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। RCB ने 90 लाख रुपये तक बोली लगाई, लेकिन अंततः राजस्थान रॉयल्स ने 95 लाख रुपये की अंतिम बोली लगाकर रवि को अपने खेमे में शामिल कर लिया।
परिवार का गर्व, मऊ की पहचान
रवि की माता गृहिणी हैं। उनके बड़े भाई जगजीत सिंह उर्फ सन्नी पीएसी में कार्यरत हैं, जबकि छोटे भाई मंगलम सिंह अभी पढ़ाई कर रहे हैं।
रवि ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की शिक्षा ललिता शास्त्री इंटर कॉलेज, शिवपुर, वाराणसी से पूरी की है और वर्तमान में अपने पिता के साथ वाराणसी में रहते हैं।
शुरुआत से ही प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर तक सफर
रवि सिंह ने क्रिकेट में उत्तर प्रदेश क्रिकेट संघ (UPCA) के अंतर्गत अंडर-16 विजय मर्चेंट ट्रॉफी (2015–16), 61वीं जिला अंडर-17 प्रतियोगिता (2015–16), 61वें राष्ट्रीय स्कूल खेल (2015–16) और 62वें राष्ट्रीय स्कूल खेल (2016–17) में उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व कर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है।
मऊ, वाराणसी से IPL तक का सफर बना प्रेरणा
रवि सिंह की यह सफलता मऊ व वाराणसी के युवाओं के लिए प्रेरणा है। साधारण परिवार से निकलकर IPL तक पहुंचने का उनका सफर यह साबित करता है कि कड़ी मेहनत और समर्पण से बड़े सपने पूरे किए जा सकते हैं। अब राजस्थान रॉयल्स को उनसे बड़े प्रदर्शन की उम्मीद है।
क्रिकेट के कोच सौरभ दूबे का विशेष योगदान
वैसे तो क्रिकेट के प्रति रवि शुरू से सफलता की ओर बढ़ते रहे लेकिन 2020 में जब आरईपीएल एकेडमी लखनऊ में कोच सौरभ दूबे के सानिध्य में बल्ले व बालिंग सहित क्रिकेट के पीच पर कैसे खुद को अडिग रखा जाए का गुर सीखा तो और निखरता गया। कोच की क्रिकेट की बारिकियाँ व रवि का कड़ा परिश्रम आज सबके सामने है।
पिता की मेहनत माँ का प्यार लाया रंग
रवि की इस सफलता पर पिता की मेहनत माँ के प्यार ने इस मुकाम तक पंहुचाने में काफी भूमिका निभाई है। पिता पृथ्वी राज सिंह ने इस सफलता पर कहा कि आज पूरा परिवार रवि के इस सफलता पर खुश है। बेटा अपने सपने के करीब पंहुच रहा यह हम लोगों के लिए गौरव की बात है।
रवि का दो टूक
रवि सिंह का कहना है कि यहां तक पंहुचने में मेरे माता पिता का विशेष योगदान है। मेरे पिता जी ने कठिन परिस्थितियों में भी हमें कभी रोका नहीं सिर्फ सपोर्ट किया प्रेरणा दिया। मेरे कोच सौरभ दूबे सहित सभी का विशेष सहयोग है ।

