लाकॅ डाउन 03 मई तक, कठोरता से करना होगा पालन : प्रधानमंत्री
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को राष्ट्र के नाम अपने संबोधनमें कहा कि हमें पूरी निष्ठा व कठोरत के साथ 3 मई तक लॉकडाउन के नियमों का पालन करना होगा। 3 मई तक लॉक डाउन बढ़ाया जाता है। इस दौरान सभी को देश हित में राष्ट्रहित में विजय प्राप्त करने के मार्ग पर चलने हेतु एकजुट होना पड़ेगा। संबोधन में कहा कि जहां हैं, वहां रहें, सुरक्षित रहें। राष्ट्र के नाम संबोधन में सिलसिलेवार पढ़िए उन्होंने क्या कहा।
वयं राष्ट्रे जागृयाम”,
हम सभी राष्ट्र को जीवंत और जागृत बनाए रखेंगे।
हम धैर्य बनाकर रखेंगे,
नियमों का पालन करेंगे तो कोरोना जैसी महामारी को भी परास्त कर पाएंगे।
इसलिए हमें Hotspots को लेकर बहुत ज्यादा सतर्कता बरतनी होगी।
जिन स्थानों के Hotspot में बदलने की आशंका है उस पर भी हमें कड़ी नजर रखनी होगी।
नए Hotspots का बनना,
हमारे परिश्रम और हमारी तपस्या को और चुनौती देगा।
मेरी सभी देशवासियों से ये प्रार्थना है कि अब कोरोना को हमें किसी भी कीमत पर नए क्षेत्रों में फैलने नहीं देना है।
स्थानीय स्तर पर अब एक भी मरीज बढ़ता है तो ये हमारे लिए चिंता का विषय होना चाहिए।
अगर सिर्फ आर्थिक दृष्टि से देखें तो अभी ये मंहगा जरूर लगता है लेकिन भारतवासियों की जिंदगी के आगे,
इसकी कोई तुलना नहीं हो सकती।
सीमित संसाधनों के बीच,
भारत जिस मार्ग पर चला है,
उस मार्ग की चर्चा आज दुनिया भर में हो रही है।
आज भारत के पास भले सीमित संसाधन हों,
लेकिन मेरा भारत के युवा वैज्ञानिकों से विशेष आग्रह है कि विश्व कल्याण के लिए,
मानव कल्याण के लिए,
आगे आएं,
कोरोना की वैक्सीन बनाने का बीड़ा उठाएं।
भारत में आज हम एक लाख से अधिक Beds की व्यवस्था कर चुके हैं।
इतना ही नहीं,
600 से भी अधिक ऐसे अस्पताल हैं, जो सिर्फ कोविड के इलाज के लिए काम कर रहे हैं।
इन सुविधाओं को और तेजी से बढ़ाया जा रहा है।
हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर के मोर्चे पर भी हम तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
जहां जनवरी में हमारे पास कोरोना की जांच के लिए सिर्फ एक लैब थी,
वहीं अब 220 से अधिक लैब्स में टेस्टिंग का काम हो रहा है।
अब नई गाइडलइंस बनाते समय भी उनके हितों का पूरा ध्यान रखा गया है।
इस समय रबी फसल की कटाई का काम भी जारी है।
केंद्र सरकार और राज्य सरकारें मिलकर,
प्रयास कर रही हैं कि किसानों को कम से कम दिक्कत हो।
जो रोज कमाते हैं,
रोज की कमाई से अपनी जरूरतें पूरी करते हैं,
वो मेरा परिवार हैं।
मेरी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में एक,
इनके जीवन में आई मुश्किल को कम करना है।
इसलिए,
न खुद कोई लापरवाही करनी है
और न ही किसी और को लापरवाही करने देना है।
कल इस बारे में सरकार की तरफ से एक विस्तृत गाइडलाइन जारी की जाएगी।
जो क्षेत्र इस अग्निपरीक्षा में सफल होंगे,
जो Hotspot में नहीं होंगे,
और जिनके Hotspot में बदलने की आशंका भी कम होगी,
वहां पर 20 अप्रैल से कुछ जरूरी गतिविधियों की अनुमति दी जा सकती है।
अगले एक सप्ताह में कोरोना के खिलाफ लड़ाई में कठोरता और ज्यादा बढ़ाई जाएगी।
20 अप्रैल तक हर कस्बे,
हर थाने,
हर जिले,
हर राज्य को परखा जाएगा, वहां लॉकडाउन का कितना पालन हो रहा है,
उस क्षेत्र ने कोरोना से खुद को कितना बचाया है,
ये देखा जाएगा।
इसी विश्वास के साथ अंत में,
मैं आज 7 बातों में आपका साथ मांग रहा हूं।
पहली बात-
अपने घर के बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें
– विशेषकर ऐसे व्यक्ति जिन्हें पुरानी बीमारी हो,
उनकी हमें Extra Care करनी है, उन्हें कोरोना से बहुत बचाकर रखना है।
दूसरी बात-
लॉकडाउन और Social Distancing की लक्ष्मण रेखा का पूरी तरह पालन करें ,
घर में बने फेसकवर या मास्क का अनिवार्य रूप से उपयोग करें।
तीसरी बात-
अपनी इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए, आयुष मंत्रालय द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें,
गर्म पानी,
काढ़ा,
इनका निरंतर सेवन करें।
चौथी बात-
कोरोना संक्रमण का फैलाव रोकने में मदद करने के लिए आरोग्य सेतु मोबाइल App जरूर डाउनलोड करें।
दूसरों को भी इस App को डाउनलोड करने के लिए प्रेरित करें।
पांचवी बात-
जितना हो सके उतने गरीब परिवार की देखरेख करें,
उनके भोजन की आवश्यकता पूरी करें।
छठी बात-
आप अपने व्यवसाय, अपने उद्योग में अपने साथ काम करे लोगों के प्रति संवेदना रखें,
किसी को नौकरी से न निकालें।
सातवीं बात-
देश के कोरोना योद्धाओं,
हमारे डॉक्टर- नर्सेस,
सफाई कर्मी-पुलिसकर्मी का पूरा सम्मान करें।

