हमारे गौरव : नौकरी दर नौकरी जिसका कदम चूमे, उसे पंकज शाही कहते हैं
(आनन्द कुमार)
अमिला/मऊ। नौकरी दर नौकरी, जिसका कदम चूमे मंजिल दर मंजिल, जो अपना मंजिल चुने, जिसने कभी हारना न सीखा हो ऐसी शख्सियत को पंकज शाही कहते हैं। होनहारों के गांव अमिला में पढ़े, बढ़े व खेले , कूदे पंकज शाही कभी भी पीछे मुड़कर देखना पसन्द नहीं करते वह चलते रहते हैं और चलते ही जाते हैं । तभी तो 2007 में इंटर कालेज में हिंदी अध्यापक, 2014 में समीक्षा अधिकारी, 2016 में सप्लाई इंस्पेक्टर के पद पर चयनित होने के बाद भी उनका नौकरी दर नौकरी पाने का सिलसिल जारी है। शुक्रवार को पीसीएस 2016 के आए परिणाम में एक बार पुनः उन्होंने जनपद व परिजनों को गौरवान्वित करने का काम किया है। इस बार उन्हें नायब तहसीलदार का पद मिला है।
मऊ जनपद के बडरॉव ब्लॉक के उसरी खुर्द निवासी पंकज कुमार शाही पुत्र स्व. जगदीश शाही का पीसीएस 2016 में नायब तहसीलदार के पद पर चयनित होकर गॉव सहित जिले का नाम रोशन किये हैंं। किसान व प्रधान स्व. जगदीश शाही के पुत्र पंकज शाही ने कभी भी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं किया, कुछ भी ठाना तो बस उसे पाने की ओर कदम बढ़ाते गये। हाईस्कूल व इंटर शांंतानंद स्वतंत्र भारत इंटर कॉलेज अमिला बाजार तथा स्नातक एवं स्नातकोत्तर इलाहाबाद विश्वविद्यालय से तथा B.Ed की पढ़ाई गोरखपुर विश्वविद्यालय से किए हुए हैं। वर्तमान में गाजियाबाद एक इंटर कॉलेज में बतौर अध्यापक तैनात हैं।
शुरू से ही काफी मृदुल एवं लक्ष्य के प्रति सचेत इस होनहार ने इसके पहले 2007 में इंटर कालेज में हिंदी अध्यापक, 2014 में समीक्षा अधिकारी, 2016 में सप्लाई इंस्पेक्टर के पद पर चयनित हुए थे। उन्होंने अपनी सफलताका श्रेय माता-पिता एवं गुरुजनों को दिया है। पंकज शाही विवाहित हैं। उनकी पत्नी का नाम अलका शालिनी है। समाज सेवा से परिपूर्ण पिता ने प्रधान रहते हुए गॉव सहित क्षेत्र में समाज सेवा में जीवन के अंतिम समय तक दृढ़ संकल्पित रहे। पंकज की इस सफलता पर घर पर बधाइयाँ देने वालों का क्रम जारी है।

