मनुष्य को अपने राजनैतिक, सामाजिक, व्यावसायिक जीवन मे से कुछ समय सेवा के लिए निकालना चाहिए : आशीष

■ एडवोकेट अजय कुमार सिंह बने दिव्य प्रेम सेवा मिशन गोरक्ष अंचल के सह संयोजक
मऊ। दिव्य प्रेम सेवा मिशन हरिद्वार की परिचयात्मक बैठक रविवार को नगर के पुरानी तहसील स्थित एक होटल के सभागार में अशोक कुमार सिंह की अध्यक्षता मेंं सम्पन्न हुई।
इस अवसर पर मिशन के संस्थापक आशीष भैया ने अपने संबोधन में कहा कि मनुष्य का पूरा जीवन, मैं कौन हूं, क्या हूं, कहा से आया हूं, कहा जाऊंगा, इसे ही समझने में निकल जाता है। मनुष्य को अपने राजनैतिक, सामाजिक, व्यावसायिक जीवन मे से कुछ समय सेवा के लिए निकालना चाहिए। सेवा समाज के उन लोंगों की करनी चाहिए जो मुख्य धारा से नही जुड़े हुए हैं। कहा कि यदि हमारी मां बीमार है और हम चार भाई हैं तो हमारे बीच इस बात पर मतभेद हो सकता है कि मां को कौन से सबसे अच्छे अस्पताल में इलाज के लिए ले जाया जाए, लेकिन इस बात पर मतभेद या बहस नही होनी चाहिए कि बुढ़िया कितने दिन जियेगी उसका इलाज कराने में पैसा क्या बर्बाद करना। आशीष भैया ने उपस्थित लोंगो को हरिद्वार आकर संस्था द्वारा किये जा रहे सेवा कार्यों को देखने और समझने का आह्नान किया। बताया कि मुख्य रूप से कुष्ठ रोगियों की सेवा व उनके बच्चों को आश्रय व शिक्षित कर समाज की मुख्य धारा से जोड़ना ही मिशन का उद्देश्य है। उन्होंने उन बच्चों के भविष्य को संवारने के लिए समाज के लोगों को दिव्य प्रेम सेवा मिशन से जुड़ने का आह्वान किया साथ ही संस्था में शिक्षा प्राप्त कर रहे एक बच्चे को गोद लेकर उसकी शिक्षा-दीक्षा में सहयोग करने का भी अपील किया। बताया कि संस्था में पूरे देश से 25 हजार से ज्यादा सदस्य जुड़ चुके हैं और लोगों के जुड़ने की प्रक्रिया सतत चल रही है। 
इस दौरान मिशन के संस्थापक आशीष भैया ने एडवोकेट अजय कुमार सिंह को दिव्य प्रेम सेवा मिशन गोरक्ष अंचल का सह संयोजक मनोनीत किया।
इस बैठक में हौसला प्रसाद उपाध्याय, बृजराज सिंह सिसोदिया, अरविंद सिंह, गणेश सिंह, आनन्द प्रताप सिंह, राजा आनन्द ज्योति सिंह, अभिषेक मिश्रा, डा. यशवंत सिंह, डा.एच एन सिंह, राजेश सिंह राज, सुजीत वर्मा, मनोज त्रिपाठी, राकेश तिवारी, सुनील कुमार दूबे, राजेश सिंह मिन्टू, विकास सिंह, विजय सिंह, उदय प्रताप सिंह शिबू , सोनू सिंह, पिंटू सिंह आदि उपस्थित रहे।

