बलिया में निर्दोष पत्रकारों को जेल भेजने का विरोध, घोसी के पत्रकारों ने दिया ज्ञापन

घोसी। बलिया ज़िला प्रशासन द्वारा निर्दोष पत्रकारों को जेल भेजने का मामला तेजी से तूल पकड़ता जा रहा है। जिसके क्रम में मंगलवार को घोसी तहसील के ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के सदस्यों ने उपजिलाधिकारी घोसी सुरेश कुमार को महामहिम राज्यपाल आनन्दीबेन पटेल को सम्बोधित चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपकर बलिया ज़िला प्रशासन के तानाशाही रवैये का जमकर विरोध करते हुए निर्दोष पत्रकारों को रिहा करने का माँग किया अन्यथा की स्थिति में व्यापक स्तर पर आंदोलन करने का चेतावनी भी दिया।
ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन मऊ के ज़िला महामंत्री अशोक कुमार श्रीवास्तव एवं घोसी तहसील के अध्यक्ष सुदर्शन कुमार के नेतृत्व में नारे बाजी करते हुए पत्रकारों ने घोसी तहसील पहुन्च कर
उपजिलाधिकारी घोसी कुमार को महामहिम राज्यपाल महोदया के नाम सम्बोधित चार सूत्रीय ज्ञापन सौंपते हुए माँग किया कि बलिया के निर्दोष पत्रकारों अजीत ओझा,दिग्विजय सिंह एवं मनोज गुप्ता को तत्काल रिहा करने,निर्दोष पत्रकारों पर दर्ज मुकदमें वापस करने, लोकतंत्र के चौथे स्तम्भ को कलंकित करने वाले अधिकारियों पर कानूनी कार्रवाई करने एवं पेपर आउट के मामले को उच्च स्तरीय जांच कराया जाये।ज़िला महामंत्री अशोक कुमार श्रीवास्तव एवं अरविन्द कुमार राय ने कहाकि बलिया ज़िला प्रशासन अपनी कमियों को छिपाने के लिए पत्रकारों को फंसा रही है। जिसको पत्रकार सहन नहीं करेंगे।तहसील अध्यक्ष सुदर्शन कुमार एवं रुपेन्द्र भारती ने कहाकि बलिया जिले के दोषी अधिकारियों को तत्काल निलंबित करते हुए निर्दोष पत्रकारों को रिहा किया जाये।अरुण कुमार पाण्डेय एवं दीनानाथ दुबे ने कहाकि बलिया ज़िला प्रशासन के इस कार्यवाई से पत्रकारों का मनोबल गिरने के बजाय और ही ऊंचा होगा। जिससे पत्रकारों की लेखनी और तेज होगी।इस अवसर पर अशोक कुमार श्रीवास्तव, अरविन्द कुमार राय, सुदर्शन कुमार, रुपेन्द्र भारती, कमल नारायण सिंह, अरुण पाण्डेय, अरविन्द पाण्डेय ,अवधेश कुमार बागी, दीनानाथ दूबे, प्रेमचन्द गुप्त, दिनेश कुमार गुप्त, संजय कुमार, गुंजन राय, शन्नु आजमी, आफताब आलम आदि उपस्थित रहे।


