योगी के गोरखपुर में थाने में न्याय न मिलने पर महिला ने डीएम कैंपस में खाया जहर, हालत गंभीर

बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ का नारा देने वाली भाजपा सरकार में जब महिला ही न्याय के लिए दर दर भटके और दर दर ठोकरे खाने के बाद जहर खाने को बेवस हो तो क्या कहा जाए। वैसे भी जब यह घटना सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गोरखपुर जनपद के जिलाधिकारी कार्यालय के सामने हो तो मामला और गंभीर हो जाता है। गोरखपुर नगर के शाहपुर क्षेत्र के उत्तरी हुमायूंपुर निवासी सत्यप्रकाश यादव का अपने सगे भाइयों से भूमि विवाद चल रहा है। उसी विवाद को लेकर सत्यप्रकाश की पत्नी रेनू अधिकारियों के यहां शिकायत कर रही थी। थाने पर कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। सोमवार को रेनू अपनी बेटी तान्या और दो बेटों के साथ जिलाधिकारी कार्यालय पर पहुंची थी। रेनू की बेटी किसी से प्रार्थना पत्र लिखवाने चली गई। इसी दौरान रेनू ने जहर खा लिया। इसकी जानकारी होते ही कलेक्ट्रेट कैम्पस में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने आनन फानन में रेनू यादव को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां उसका इलाज चल रहा है। चिकित्सकों ने उसकी हालत गंभीर बताई है।
गोरखपुर पुलिस की लापरवाही आए दिन सामने आती रहती है। होटल में व्यापारी की मौत का अभी मामला ठंडा ही नहीं हुआ था कि पुलिस छोटे-छोटे मामलों पर इतनी लापरवाह हो जा रही है की लोग जिलाधिकारी कार्यालय में ही जहर खाने को मजबूर हो जा रहे हैं। ऐसे में पुलिस के ये दागदार लोग सरकार की छवि को उस वक्त धूमिल कर रहे हैं जब सामने सरकार की परीक्षा हो।

