चर्चा में

क्षेत्रीय हवाई संपर्क को मजबूत करने के लिए 8 नए रूटों का शुभारंभ हुआ

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के साथ मध्य प्रदेश से महाराष्ट्र और गुजरात तक हवाई संपर्क को मजबूत करने वाले 8 नए रूटों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। जबलपुर के सांसद राकेश सिंह, नागरिक उड्डयन मंत्रालय सचिव प्रदीप सिंह खरोला मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ ध्वजारोहण के दौरान उपस्थित थे।

8 new routes launched to strengthen regional air connectivity

मध्य प्रदेश सरकार के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, मध्य प्रदेश के जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट, अहमदाबाद सांसद डॉ. किरीट सोलंकी और ग्वालियर के सांसद विवेक नारायण शेजवलकर भी इस ध्वजारोहण कार्यक्रम में ऑनलाइन शामिल हुए।

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा, “मैं मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और गुजरात के लोगों को नई उड़ान संचालन शुरू होने पर बधाई देना चाहता हूं। इसके अलावा, दिल्ली-जबलपुर रूट के बीच अतिरिक्त उड़ानें भी 18 जुलाई से और खजुराहो-दिल्ली-खजुराहो के बीच अक्टूबर 2021 से शुरू होंगी। हम क्षेत्रीय हवाई संपर्क को मजबूत करने और प्रधानमंत्री के ‘उड़े देश का आम नागरिक’ (उड़ान) के विजन को और अधिक ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

स्पाइसजेट एयरलाइंस इन 8 नए मार्गों पर परिचालन शुरू करेगी- ग्वालियर-मुंबई-ग्वालियर, ग्वालियर-पुणे-ग्वालियर, जबलपुर-सूरत-जबलपुर, और अहमदाबाद-ग्वालियर-अहमदाबाद रूट।

ग्वालियर मध्य प्रदेश के पहले हवाई अड्डों में से एक है जो उड़ान रूट से जुड़ा है और जहां हवाई यातायात में और वृद्धि के कारण अतिरिक्त क्षेत्रीय मार्गों की शुरुआत हुई है। ग्वालियर अब उड़ान मार्गों के रूप में बेंगलुरु, हैदराबाद, कोलकाता और जम्मू से और गैर-उड़ान मार्गों के रूप में मुंबई, पुणे और अहमदाबाद से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। यह शहर अपनी ऐतिहासिक इमारतों के लिए प्रसिद्ध है जैसे- ग्वालियर का किला, सासबहू मंदिर, मोहम्मद गौस का मकबरा, फूलबाग, गूजरी महल संग्रहालय, तेलीका मंदिर, ग्वालियर चिड़ियाघर, मोती महल और जय विलास पैलेस। नए हवाई रूट से ग्वालियर की कनेक्टिविटी सुधरेगी जो मध्य प्रदेश के इस पर्यटक शहर को महाराष्ट्र और गुजरात समेत देश के अन्य व्यापार केंद्रों से जोड़ेगी।

इन मार्गों के शुरू होने से देश के मेट्रो शहरों के साथ टियर-2 और टियर-3 शहरों की क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए नागरिक उड्डयन मंत्रालय के उद्देश्यों पूरा होगा। इस शुरुआत से अब गैर-उड़ान मार्गों के रूप में जबलपुर हवाई अड्डा (मध्य प्रदेश) बैंगलोर, हैदराबाद और पुणे से और बिलासपुर के साथ उड़ान मार्ग के रूप में जुड़ा हुआ है। जबलपुर मध्य प्रदेश का प्रशासनिक और शैक्षिक केंद्र है। धुआंधार फॉल्स, मदन महल किला, बैलेंसिंग रॉक, बरगी डैम, गुरुद्वारा ग्वारीघाट साहिब और डुमना नेचर रिजर्व पार्क जैसे पर्यटक स्थलों के साथ यह शहर भी एक प्रमुख पर्यटन केंद्र है।

इन मार्गो की शुरुआत से उड़ान योजना के तहत सब उड़ें, सब जुड़ें का लक्ष्य प्राप्त होगा। इस योजना से देश में क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बढ़ेगी जिससे पर्यटन और अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

इस महीने की शुरुआत में, उड़ान योजना के तहत, इंडिगो एयरलाइंस ने कोलकाता (पश्चिम बंगाल) और इंफाल (मणिपुर) को डिब्रूगढ़ (असम) से जोड़ने के लिए एक और उड़ान शुरू की।

उड़ान योजना के तहत अब तक 359 मार्ग और 5 हेलीपोर्ट और 2 वाटर एयरोड्रोम सहित 59 हवाई अड्डों का संचालन किया जा चुका है।

घरेलू यात्रियों की संख्या बढ़ रही है क्योंकि उड़ान परिवहन का एक पसंदीदा, सुरक्षित और समय बचाने वाला साधन बन गया है। 15 जुलाई 2021 को 1,56,450 यात्रियों ने 1,450 उड़ानों में यात्रा की। कुल 2,915 फ्लाइट उड़ीं जिसमें कुल 3,12,892 यात्रियों ने सफर किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *