किसने कहा कि कोख में बेटी को मार दो….
देवकली देवलास: एक अद्भुत धार्मिक स्थल फेसबुक पेज पर शनिवार, दिनांक 10/10/2020 को कविता पाठ कार्यक्रम का आयोजन किया गया । इस कार्यक्रम के लिए प्रयागराज की सुप्रसिद्ध वरिष्ठ कवयित्री प्रीता बाजपेयी को आमंत्रित किया गया था । कार्यक्रम के प्रारम्भ में पेज के एडमिन और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, प्रयागराज में राजभाषा अधिकारी तथा हिंदी व भोजपुरी के सुप्रसिद्ध कवि देवकान्त पाण्डेय ने प्रीता बाजपेयी का परिचय कराते हुए उनका स्वागत किया। आमंत्रित कवयित्री ने श्रृंगार के गीत समेत विभिन्न विषयों पर मुक्तक, गीत, ग़ज़ल आदि प्रस्तुत कर खूब वाह वाही बटोरी और साथ ही बेटियों के सम्मान में भी कविता पढ़ी। “जिसे चाहा उसे पूजा,उसी को जी लिया मैंने, जो उसकी आँख से छलका वो आँसू पी लिया मैंने” पंक्तियों से उन्होंने अपने काव्यपाठ की शुरुआत की । इसके बाद उन्होंने “रहोगे दूर जो मुझसे खुशी को तरसोगे, तमाम उम्र मेरी दोस्ती को तरसोगे”, बेटियों पर उन्होंने “अब आन, बान, शान से आती हैं बेटियां, खुद अपना भाग्य साथ में लाती हैं बेटियाँ, पैदाइशों पे इनके ना छाती को पीटिए, समझो न अब बोझ, बोझ उठाती हैं बेटियां” और ‘छूरियाँ करो न तेज ना चाकू पे धार दो, इनको भी लाड़-प्यार दो, इनको दुलार दो, गाँधी, सुभाष भेंट में देंगी ये देश को, किसने कहा कि कोख में बेटी को मार दो’ सुनाया जिसकी दर्शकों ने अपने कमेन्ट के माध्यम से बहुत सराहना की । इनके अलावा उन्होंने ‘जब-जब तुमने दर्द दिया एक गीत लिखा मैंने’, ‘कितना शोर मचाये रुपइया, सारा जग भरमाए रुपइया’ , ‘दिल का बोझ इस तरह से भी हल्का करो, बेवफा कहके मुझको पुकारा करो, ‘भीजेला अंगना ओसार हो बहि जाला कजरवा’, आदि गीत व ग़ज़ल सुनकर लोगों का मन मोह लिया। साथ ही उन्होंने देवकली देवलास जैसे पवित्र धार्मिक स्थल के महत्व के बारे में भी चर्चा की और इस स्थल को पर्यटकस्थल के रूप में विकसित किये जाने की बात कही ।

