गीता पाण्डेय को राज्य सरकार से पुरस्कृत करने की महिलाओं ने उठाई मांग
मऊ। आमतौर पर सभी महिलाएं पाककला में माहिर होती हैं। लेकिन कुपोषण की जंग लड़ने वाली अहिरानी बुजुर्ग गांव की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व समाजसेविका गीता पांडेय के हाथों से बने व्यंजन का स्वाद चखकर विभिन्न क्षेत्र की महिलाओं ने जब उनके लजीज व्यंजनों की प्रशंसा की तो वहां मौजूद अन्य व्यक्ति भी आवाक रह गए। सहजन की पत्तियों से तैयार पाउडर से नाना प्रकार के व्यंजन तैयार करने वाली गीता पांडेय को पूर्व जिलाधिकारी ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी ने सम्मानित भी किया था। यहीं नहीं बाल पुष्टाहार विभाग के अधिकारी भी उनके योगदानों की खुलकर प्रशंसा करते हैं। समर्थ नारी, समर्थ भारत की महिला सदस्यों ने बताया कि जब वे गीता पांडेय के घर पहुंची तो वे उनकी मेहनत तथा सहजन के प्रति उनका जुड़ाव देखकर दंग रह गई थी। यहीं नहीं इस मौके पर ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट विनीता पांडेय एवं होम्योपैथी चिकित्साधिकारी नम्रता श्रीवास्तव, भाजपा नेत्री नीलम सर्राफ, नूपुर अग्रवाल, नीलम सिंह, पूजा पांडेय, पूजा राय, आभा त्रिपाठी, अनिता यादव, नीलम सिंह व विंध्यवासिनी पांडेय आदि महिलाओं ने कहा कि, ऐसी गुणी महिला को तो राज्य सरकार से पुरस्कृत होना चाहिए।

