भाजपा सरकार अल्पसंख्यकों के खिलाफ हमला रोके : अतुल कुमार अनजान

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राष्ट्रीय सचिव अतुल कुमार अनजान ने कहा कि इस देश के सबसे छोटे अल्पसंख्यक ईसाई समुदाय के धार्मिक गुरु यीशु मसीह की मूर्तियां, उनकी याद में आयोजित प्रार्थना सभा और चर्चों पर सुनियोजित हमला 25 दिसंबर के आसपास किया गया । हरियाणा राज्य के अंबाला में प्रभु ईसा मसीह की मूर्तियों को चर्च में तोड़कर धराशाई कर दिया गया । आसाम में भी इस तरह की घटनाएं पवित्र 25 दिसंबर को आर एस एस, बीजेपी के कार्यकर्ताओं द्वारा आयोजित करने की खबरें मिल रही हैं । प्रार्थना स्थलों पर लोगों वहां जाने से रोकने का भी प्रयास किया गया । हाल ही में उत्तराखंड के हरिद्वार में एवं मध्य प्रदेश के धार जिले में सांप्रदायिक उन्मादी तत्वों द्वारा जहरीले भाषण देकर देश में चुनाव से पहले स्थिति को गहरे संकट में डालने की तैयारी चल रही है । भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राष्ट्रीय सचिव अतुल कुमार अनजान ने हरियाणा और असम में भाजपा की सरकार द्वारा शरारती तत्वों के खिलाफ कोई कार्रवाई न करने की पहल से यह साबित हो गया इस तरह की गतिविधियों को राज्य प्रायोजित हिंसा कहा जा सकता है ।हरिद्वार एवं मध्य प्रदेश के धार में हाल ही में घटित घटनाएं सामाजिक ताने-बाने को एक गंभीर चुनौती पेश कर रहे हैं । भाकपा नेता ने कहा कि इन सारी परिस्थितियों पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की खामोशी अत्यंत चिंताजनक है । ऐसी स्थिति में देश की न्यायपालिका सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट को उक्त घटनाओं का संज्ञान लेते हुए संविधान के तहत नागरिकों और उनके धार्मिक आराधना ,
धर्मों के मानने वालों के खिलाफ धार्मिक उन्माद पैदा करने वाली शक्तियों को समाज से अलग-थलग करने के लिए व्यापक न्यायिक मुहिम चलाने की पहल करने की अपील की है ।

