स्मार्ट मीटरों से बढ़ती समस्याओं पर सौंपा गया ज्ञापन, उपभोक्ताओं में रोष
मऊ। प्रदेश में लगाए जा रहे स्मार्ट मीटरों से उत्पन्न हो रही समस्याओं को लेकर आज मुख्यमंत्री एवं विद्युत मंत्री को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के माध्यम से आम जनता की बढ़ती परेशानियों और शिकायतों को गंभीरता से उठाया गया।
ज्ञापन में कहा गया है कि स्मार्ट मीटरों के कारण उपभोक्ताओं को कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे बड़ी समस्या अत्यधिक बिजली बिल की है, जहां बिना किसी स्पष्ट कारण के बिल कई गुना बढ़कर आ रहे हैं। इसके अलावा रिचार्ज समाप्त होते ही बिना किसी पूर्व सूचना के बिजली आपूर्ति काट दी जाती है, जिससे आम परिवारों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
तकनीकी खामियों को लेकर भी उपभोक्ताओं में नाराजगी है। शिकायतों के बावजूद समस्याओं का त्वरित समाधान नहीं हो पा रहा है। ग्रामीण एवं गरीब वर्ग के लिए बार-बार रिचार्ज कराना आर्थिक और व्यवहारिक रूप से कठिन साबित हो रहा है।
ज्ञापन में मांग की गई है कि जहां पुराने मीटर हटाकर स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, वहां पुनः पुराने मीटर लगाए जाएं। साथ ही स्मार्ट मीटरों की खामियों के कारण बढ़े हुए बिलों की भरपाई करते हुए उन्हें अगले बिल में समायोजित किया जाए। स्मार्ट मीटरों की कार्यप्रणाली की निष्पक्ष जांच कराए जाने, गलत बिलिंग की शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने तथा बिना सूचना बिजली कटौती पर रोक लगाने की भी मांग उठाई गई।
इसके अतिरिक्त उपभोक्ताओं की शिकायतों के लिए एक प्रभावी और त्वरित समाधान प्रणाली सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया।
ज्ञापन सौंपने वालों में प्रमुख रूप से साहू अजय भाई (जिलाध्यक्ष), जफर अहमद (जिला उपाध्यक्ष), इशरत इकबाल लारी (जिला महामंत्री), बृजभूषण गुप्ता (जिला प्रभारी), नरेन्द्र सिंह (जिला सचिव), तारीख अंसारी, हबीबुर्रहमान, शुभम बरनवाल, अजय बरनवाल, अखिलेश बरनवाल, सोनू बरनवाल, नन्द किशोर, महाप्रसाद, बबलू ठठेरा, शिवचन्द साहू, अब्दुल सत्तर कुरैसी, खालिद अंसारी सहित कई लोग शामिल रहे।

