वैदिक मंत्रों की गूंज से गूंजा मऊ, आर्य समाज का निकला भव्य शोभायात्रा
o ओ३म् ध्वज फहराकर हुआ शुभारंभ, भव्य शोभायात्रा में उमड़ा जनसैलाब
मऊनाथ भंजन। वैदिक मंत्रों की पावन ध्वनि और श्रद्धा के उल्लास के बीच आर्य समाज मऊनाथ भंजन का 122वां वार्षिकोत्सव एवं ऋषिबोधोत्सव रविवार को वैदिक रीति से यज्ञ के साथ आरंभ हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत मानव जीवन के सर्वोच्च कर्तव्य माने जाने वाले यज्ञ से हुई, जिसमें यजमान के रूप में देवभाष्कर तिवारी एवं अरविंद बरनवाल सपत्निक उपस्थित रहे। ब्रह्मा का दायित्व दिनेश आर्य ने निभाया।
इस अवसर पर प्रधान प्रहलाद वर्मा, मंत्री प्रशांत रत्नम सिंह, परमात्मा पांडे, पंडित हरिशंकर मिश्रा, सुमित राय, बबन प्रसाद वर्मा, संतोष बरनवाल, राजेश वर्मा, प्रमोद आर्य, मनोज वर्मा, संतोष आर्य, विशुनदेव तिवारी, उपेंद्रपति पांडे, राहुल उपाध्याय, अरविंद आर्य, मदन गोपाल, अशोक राय, उपेंद्र सिंह सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
विद्यालयों की रही सक्रिय सहभागिता
दयानंद बाल विद्या मंदिर, डीएवी इंटर कॉलेज, डीएवी बालिका इंटर कॉलेज तथा डीएवी बाल विद्या मंदिर रामपुर चकिया के शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं छात्र-छात्राओं ने यज्ञ में आहुति देकर पुण्य लाभ अर्जित किया।
ओ३म् ध्वज फहराकर विधिवत शुभारंभ
यज्ञोपरांत प्रधान प्रहलाद वर्मा एवं पंडित हरिशंकर मिश्र ने ओ३म् ध्वज फहराकर कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ किया। संपूर्ण परिसर वैदिक मंत्रोच्चार और भजनों से गुंजायमान रहा।
भव्य शोभायात्रा में दिखा वैदिक संस्कृति का उल्लास
अपराह्न 1 बजे आर्य समाज परिसर से भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जो मुख्य मार्ग से होते हुए रेलवे फाटक तक पहुंची। शोभायात्रा में विद्यालयों के बच्चों ने हाथों में ओम ध्वज और बैनर लिए पंक्तिबद्ध होकर वैदिक भजन, जयघोष और महर्षि दयानंद सरस्वती के गुणगान के साथ नगर को भक्तिमय बना दिया।
मार्ग के दोनों ओर नागरिकों की भारी भीड़ शोभायात्रा के स्वागत के लिए उपस्थित रही। कार्यक्रम को सफल बनाने में पुलिस प्रशासन का सराहनीय सहयोग रहा।
18 फरवरी तक चलेंगे विविध कार्यक्रम
वार्षिकोत्सव 15 फरवरी से 18 फरवरी तक आयोजित होगा। प्रतिदिन प्रातः 7:30 से 10:00 बजे तक यज्ञ, भजन एवं प्रवचन तथा सायं 7:00 से 9:30 बजे तक भजन-प्रवचन होंगे। कार्यक्रम में आर्य जगत के प्रख्यात विद्वान दिनेश आर्य एवं पंडित भानु प्रकाश शास्त्री के सुमधुर भजन और प्रेरक प्रवचन श्रोताओं को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करेंगे।
मातृ सम्मेलन में होगा मेधावियों का सम्मान
अंतिम दिवस 18 फरवरी को अपराह्न 1:00 से 4:00 बजे तक आयोजित मातृ सम्मेलन में गत वर्ष की कक्षाओं में प्रथम स्थान प्राप्त छात्रों को पुरस्कृत किया जाएगा तथा उनकी माताओं को सम्मानित किया जाएगा।
नगरवासियों से सहभागिता का आह्वान
आर्य समाज ने समस्त नगरवासियों से अपील की है कि वे इस सामाजिक चेतना एवं राष्ट्रीय जागरण के पावन आयोजन में सहभागिता कर आत्मोत्थान के संकल्प के साथ सुंदर समाज के निर्माण में अपनी आहुति प्रदान करें।





