आ रहा नया कौन चौकीदार जनता जी!
तुम ही बतलाओ तुम ही समझाओ, आ रहा नया कौन चौकीदार जनता जी!
मेरी कलम से…
आनन्द कुमार
कौन जीत रहा, कौन हार रहा है,
बार-बार मुझसे पूछ रही जनता जी,
सच बोलूं की झूठ बोलूं, समझ में नहीं आ रहा,
बहुत परेशान है अबकी बार जनता जी,
एनडीए का होगा बम-बम,
की इण्डिया का जयकारा,
परेशान हाल है ईमानदार जनता जी,
मोदी लगाएंगे हैट्रिक, की नया चेहरा आएगा,
की राहुल के ग्रहदशा का भाग्य खुल जाएगा,
बोलूं कैसे बोलूं, मुझे समझ में नहीं आ रहा,
विधान-संविधान की बात कर रही जनता जी,
झूठ बोलूं तो, विरोधी कहलाऊंगा,
सच बोलूं तो बिकाऊ हो जाऊंगा,
समझ में मुझको कुछ भी नहीं आ रहा,
आप ही बतला दो, मेरे प्यारे जनता जी,
देश के आन बान शान का,
भारत का कौन बन रहा प्रधान जनता जी,
तुम ही बतलाओ और तुम ही समझाओ,
आ रहा नया कौन चौकीदार जनता जी!




