‘लाल टोपी’ में घोसी से मैदान में उतरे ‘दारा’!

समाजवादी पार्टी ने UP विधानसभा चुनाव के लिए 56 उम्मीदवारों की एक नई सूची जारी की है. इस सूची के मुताबिक दारा सिंह चौहान घोसी विधानसभा से चुनाव लड़ेंगे. हम आपको बता दें कि कुछ दिन पहले ही दारा सिंह चौहान भारतीय जनता पार्टी को छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हुए थे।
घोसी विधानसभा क्षेत्र में अखिलेश यादव ने अपने करीबी राष्ट्रीय सचिव/प्रवक्ता राजीव राय और पूर्व विधायक कद्दावर नेता सुधाकर सिंह सहित कई और सपा नेताओं को दरकिनार कर दारा सिंह चौहान पर दांव लगाया है.
दारा सिंह चौहान घोसी लोकसभा से 2009 में बसपा से सांसद रह चुके हैं और बसपा सुप्रिमो ने उन्हें नेता सदन बनाया था। 2014 में उन्हें फिर हाथी की सवारी देकर घोसी लोकसभा से मैदान में उतारा था लेकिन मोदी लहर में वे भाजपा के हरिनरायन राजभर से हार गये। फिर भी वे 2009 के मुताबिक 2014 में अपने वोट की बढ़त में कामयाब रहे। बाद में वे मऊ जनपद के मधुबन विधानसभा से 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा के टिकट पर चुनाव जीते और कैबिनेट मंत्री बने। इसके अलावा उन्हें भाजपा पिछड़ा प्रकोष्ठ का राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बनाया गया था। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लागू होने के बाद दारा सिंह चौहान भाजपा छोड़ समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए थे।
दारा सिंह चौहान ने राज्यपाल को सौंपे अपने इस्तीफे में कहा था कि वे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मंत्रिमंडल में वन पर्यावरण और जन्तु उद्यान मंत्री के रूप में मैंने पूरे मनोयोग से अपने विभाग की बेहतरी के लिए कार्य किया, किन्तु सरकार की पिछड़ों, वंचितों, दलितों, किसानों और बेरोजगार नौजवानों की घोर उपेक्षात्मक रवैये के साथ-साथ पिछड़ों और दलितों के आरक्षण के साथ जो खिलवाड़ हो रहा है, उससे आहत होकर मैं उत्तर प्रदेश मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे रहा हूं।
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव की सियासत चरम पर है। चुनावी सरगर्मी के बीच समाजवादी पार्टी अपने धुर विरोधी भारतीय जनता पार्टी को पटखनी देने के लिए छोटे दलों का गठबंधन कर बीजेपी को घेरने की पूरी कोशिश कर रही है।

