सियासत! बिकरू कांड में जेल में बन्द खुशी दूबे की मां को सपा ने दिया टिकट का आफर

यूपी की सियासत की सरगर्मी दिनों दिन काफी बढ़ती जा रही है। विपक्षी दल सत्ताधारी दल को घेरने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपना रहे हैं। वे सत्ता दल को कटघरे में खड़ा करने के लिए किसी भी व्यक्ति का सहारा अपने फाएदे और नुकसान को देखते हुए लेना चाहते हैं। समाजवादी पार्टी ने जेल में बंद खुशी दूबे की मां को सपा का प्रत्याशी बनाने का आफर देकर राजनीतिक तापमान बढ़ा दिया है, जबकि अभी कांग्रेस भी उन्हें अपना प्रत्याशी बनाने का कोशिश कर रही थी।
कानपुर के बहुचर्चित बिकरू कांड में मारे गए गैंगस्टर विकास दुबे के दाहिना हाथ अमर दूबे की सास और जेल में बंद ख़ुशी दूबे की मां गायत्री तिवारी को समाजवादी पार्टी की तरफ से आगामी विधानसभा चुनाव 2022 में टिकट का ऑफर दिया गया है। सपा ने उन्हें कानपुर की गोविन्दनगर विधानसभा सीट से साइकिल सिंबल पर चुनाव लड़ने का प्रस्ताव दिया है। खुशी दुबे की मां ने चुनाव लड़ने के प्रस्ताव पर अपनी हामी भी भरते हुए कहा कि वैसे तो उन्हें कांग्रेस से भी प्रस्ताव मिला, लेकिन उन्हें अखिलेश यादव पर भरोसा है।
गायत्री तिवारी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उनकी पहली प्राथमिकता जेल में बंद अपनी बेटी बाहर निकालना है। समाजवादी पार्टी ने भरोसा दिलाया है कि अगर उनकी सरकार बनती है तो एक महीने के भीतर खुशी दूबे को जेल से बाहर निकाला जाएगा।
बता दें कि कानपुर के चर्चित बिकरू कांड में विकास दूबे और उसके गुर्गे द्वारा 8 पुलिस वालों की नृशंस हत्या हुई थी। जिसके बाद पुलिस और एसटीएफ ने विकास दूबे, अमर दूबे समेत पांच आरोपियों को एनकाउंटर में ढेर कर दिया था जिस समय अमर दूबे हुआ उससे सात दिन पहले ही उसकी शादी खुशी दूबे से हुई थी।
मामले में पुलिस जांच में इस बात का भी खुलासा हुआ कि जिस वक्त खुशी दुबे की शादी हुई वह नाबालिग थी, पुलिस ने खुशी दुबे को भी बिकरू कांड में आरोपी बनाया था। पुलिस ने खुशी दछबे पर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा था।
