पोषण में योग व यूनानी विधा का महत्व विषयक पोषण गोष्ठी

मऊ। चतुर्थ राष्ट्रीय पोषण माह में राष्ट्रीय पोषण मिशन अंतर्गत नवगठित नगर पंचायत कुर्थीजाफरपुर अंतर्गत ग्राम “पारा” मुहल्ले में क्षेत्रीय आयुर्वेदिक व यूनानी अधिकारी डॉक्टर संतोष कुमार चौरसिया के मार्गदर्शन में राजकीय यूनानी चिकित्सालय कासिमपुर व योग वैलनेस सेन्टर कासिमपुर के संयुक्त तत्वावधान में पोषण में योग व यूनानी विधा का महत्व विषयक पोषण गोष्ठी आयोजित की गई।
जिसमें वक्ताओं ने ग्रामीणों को स्वस्थ जीवन जीने हेतु यौगिक आहार-विहार, यम, नियम, दिनचर्या, रात्रिचर्या, ऋतुचर्या के साथ – साथ क्षेत्रीय रूप से सुलभता से उपलब्ध मोटे अनाजों, वनस्पतियों, औषधियों व वृक्षों पर वृहद प्रकाश डाला और बताया कि ज्वार, बाजरा, मक्का, सांवा, कोदो, रागी, मंडुवा, अलसी के बीज, सहजन की फली, काला चना, गुड़, मूँग, मूंगफली, आँवला का फल, कदम्ब का फल, हरसिंगार, गिलोय, ऐलोवेरा, सप्तपर्णी, दूब, दूधी, भूमि आँवला, भृंगराज , शिरिष, सेमल, पलाश, सर्पगंधा आदि का नियमित अपने आहार व चिकित्सा में प्रयोग करने, खेती करने, संरक्षण करने व उद्योग करने को प्रेरित किया ताकि उन्हें रक्ताल्पता, अशक्तता व कुपोषण न हो तथा भोजन विटामिन, प्रोटीन, फैट, कार्बोहाइड्रेट, मिनरल्स युक्त हो और किसान आर्थिक रूप से समृद्ध हों और साथ ही यह भी बताया कि कैसे मोटे अनाजों व आयुष विधा के प्रयोग से मातृ व शिशु मृत्यु दर में कमी लायी जा सकती है।
गोष्ठी का संचालन चिकित्साधिकारी डॉ. मोहम्मद तारिक, योग प्रशिक्षक विश्वा गुप्ता, फार्मेसिस्ट फरीदुल हक व योग सहायक राजन विश्वकर्मा ने किया, जिसमें सैकड़ों ग्रामीण गोष्ठी में लाभान्वित हुए उक्त अवसर पर उषा देवी, भानुमति, रीना, तारा, मुराती देवी, गोविंद, रविन्द्र, राजू विश्वकर्मा, विश्वनाथ गुप्ता, विनोद मौर्या, अभय, संजय कुमार, आदि गणमान्य लोग उपस्थित रहकर महत्वपूर्ण सहयोग किया।

